आशाएँ- A Ray of Hope

 कविता-आशाएँ

आशाओं से भरा ये चेहरा
बाँधा उम्मीदों का है सेहरा
जीता जिंदगी में मन मौला
जीवन बना है सुनहरा
आशाओं से चलता जीवन
उम्मीदों के पहियों पर
ये जब तक रहे जीवन मे
मिलते है उड़ने को पर।

आकांक्षाये है बहुत मगर
सब ख्वाहिश कहाँ पूरी होती?
लाख कर जतन जीवन में
कुछ तो रहती अधूरी
हर मार्ग में पहरे है अक्सर
खींचे ये सफलता की डोर
अपने दम से सब कर डालो
जीवन में आएगा सुखद मोड़।

फिक्र रखे सब अपने है 
सब अपनो की है माया
सुख दुःख बांटे अपनो संग
क्या खोया क्या पाया 
खुशी बाँटने से और बढे है
बिन बाटे घट जाती है
जीवन भर कमाई पूंजी
वक्त काम नही आती है।

आशाओं का दीप जलाने
श्याम कोई तो आएगा
नन्ही सी रोशनी में भी
उजाला वो कर जाएगा
नित्य सबेरा होगा सुख 
गम की शाम ढल जाएगी
उम्मीदो की प्रखर रोशनी
नया प्रभात ले आयेगी ।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ